कई बार ऐसा समय भी आता है कि आप जानते हो कि आप सही हो लेकिन फिर भी एडजस्टमेन्ट लेना पड़ता है। तब आप अपने आप से पूछते हो "मै सच्चा हूँ, फिर क्यों मुझे एडजस्टमेन्ट लेना है?" ऐसी परिस्थितियों में, आप संबंधों को बनाये रखने के लिए एडजस्टमेन्ट लेने होनेवाले लाभ को याद कर मन को शांत कर सकते है। यह निचे दर्शाए गए अनुसार है :

जिसके साथ रास न आए, वहीं पर शक्तियाँ विकसित करनी हैं। अनुकूल है, वहाँ तो शक्ति है ही। प्रतिकूल लगना, वह तो कमज़ोरी है। मुझे सब के साथ क्यों अनुकूलता रहती है? जितने एडजस्टमेन्ट लोगे, उतनी शक्तियाँ बढ़ेंगी और अशक्तियाँ टूट जाएँगी। सही समझ तो तभी आएगी, जब सभी प्रकार की उल्टी समझ को ताला लग जाएगा। नरम स्वभाव वालों के साथ तो हर कोई एडजस्ट होगा लेकिन अगर टेढ़े, कठोर, गर्म मिज़ाज लोगों के साथ, सभी के साथ एडजस्ट होना आ जाएगा तो काम बन जाएगा।
कितना ही नंगा-लुच्चा इंसान क्यों न हो, फिर भी उसके साथ एडजस्ट होना आ जाए, दिमाग़ फिरे नहीं, तो वह काम का है। भड़क जाओगे तो नहीं चलेगा। संसार की कोई चीज़ हमें ‘फिट’ नहीं होगी, हम ही उसे ‘फिट’ हो जाएँ तो दुनिया सुंदर है और यदि उसे ‘फिट’ करने गए तो दुनिया टेढ़ी है। इसलिए ‘एडजस्ट एवरीव्हेर!’ आप उसे ‘फिट’ हो जाओ तो कोई हर्ज नहीं है।
अगर किसी व्यक्ति को आप के निमित्त से किंचितमात्र भी दुःख पहुंचता है, तो उसका परिणाम हमे भुगतना पड़ता है। इसीलिए जाग्रत रहे। अगर सामनेवाला व्यक्ति आप से ‘डिसएडजस्ट’ हो और आप सामने उनसे ‘एडजस्ट’ हो जायेंगे तो आपका संसार सार्थक हो जायेगा। ‘भुगते उसकी भूल’ यह बात अगर किसी के जीवन में उतर जाए, तो उसके घर में किंचितमात्र भी क्लेश नहीं रहेगा।
A. शांतिपूर्ण जीवन जीने के लिए दूसरों के साथ एडजस्ट करना सीखना अनिवार्य है। परम पूज्य दादा भगवान के... Read More
Q. एडजस्टमेंट लेने के विभिन्न तरीके कौन से हैं?
A. परम पूज्य दादा भगवान ने “एडजस्ट एवरीव्हेर” का सूत्र दिया है। उन्होंने एडजस्टमेंट लेने के कई ऐसे... Read More
Q. सफल वैवाहिक जीवन के लिए अपने जीवनसाथी के साथ एडजस्ट कैसे करें?
A. बस इन शब्दों को स्वीकार कर लें: ‘एडजस्ट एवरीव्हेर!’ एडजस्ट! एडजस्ट! एडजस्ट! घर में क्लेश नहीं होना... Read More
Q. मन की शांति के लिए एडजस्ट एवरीव्हेर
A. क्या आपने कभी ध्यान दिया है कि , कुदरत में ऐसी चीज़े है जो अपने आस-पास के वातावरण के साथ एडजस्ट हो... Read More
Q. घर में शांति कैसे प्रस्थापित करे?
A. आदर्श सांसारिक जीवन की परिभाषा ही एडजस्टमेंट है। जितना आप एडजस्ट होंगे उतनी आपकी शक्तियां बढ़ेगी और... Read More
Q. परम पूज्य दादा भगवान के जीवन में अलग अलग प्रकार के एडजस्टमेंट लेने के वास्तविक प्रसंग
A. जब हम विभिन्न परिस्थितियों में किसी को एडजस्टमेंट लेते हुए देखते या सुनते है तब हमे नयी दृष्टि... Read More
subscribe your email for our latest news and events
